
राज्य आंदोलन के जननायक स्व. रणजीत सिंह वर्मा के जीवन पर आधारित पुस्तक का मुख्यमंत्री ने किया विमोचन
भास्कर इंडिया लाइव
राज्य आंदोलन में उनके संघर्ष, नेतृत्व और योगदान को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाएगी पुस्तक
डोईवाला। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को देहरादून के आईआरडीटी सभागार में उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन के अग्रणी सेनानी एवं पूर्व विधायक स्व. रणजीत सिंह वर्मा के जीवन पर आधारित पुस्तक ‘रणजीत सिंह वर्मा : उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन की निर्णायक लड़ाई के एक जननायक’ का विमोचन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए राज्य निर्माण आंदोलन में उनके योगदान को याद किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्व. रणजीत सिंह वर्मा ने उत्तराखण्ड संयुक्त संघर्ष समिति के देहरादून जिलाध्यक्ष के रूप में आंदोलन को नेतृत्व दिया। उन्होंने बंद, चक्का जाम, जेल भरो और रेल रोको जैसे आंदोलनों में सक्रिय भूमिका निभाई। डोईवाला के प्रेमनगर बाजार स्थित अपनी ससुराल को भी उन्होंने आंदोलनकारियों के लिए महत्वपूर्ण केंद्र बनाया और पर्वतीय क्षेत्रों से आने वाले आंदोलनकारियों के ठहरने की व्यवस्था में सहयोग किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्व. वर्मा का जीवन संघर्ष, सिद्धांतों और निःस्वार्थ जनसेवा की प्रेरणा देता है। वह अविभाजित उत्तर प्रदेश की मसूरी विधानसभा सीट से दो बार विधायक रहे, लेकिन राज्य निर्माण के संकल्प को हमेशा सर्वोपरि रखा। पुस्तक के माध्यम से उनके संघर्ष और योगदान को नई पीढ़ी जान सकेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों के सपनों के अनुरूप विकसित और समृद्ध उत्तराखण्ड का निर्माण ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने पुस्तक के लेखक वरिष्ठ साहित्यकार गंभीर सिंह पालनी और अजय वर्मा के प्रयासों की सराहना की।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, हंस फाउंडेशन की संस्थापक माता मंगला, राज्य आंदोलनकारी, जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।



